The Bible › इंडियन रिवाइज्ड वर्जन › Mark 1

Mark 1:26

तब अशुद्ध आत्मा उसको मरोड़कर, और बड़े शब्द से चिल्लाकर उसमें से निकल गई।

Mark 1:26 · इंडियन रिवाइज्ड वर्जन

← PreviousRead Mark 1Next →

Mark 1:26 in other translations

KJV King James Version

And when the unclean spirit had torn him, and cried with a loud voice, he came out of him.

BSB Berean Standard Bible

At this, the unclean spirit threw the man into convulsions and came out with a loud shriek.

WEB World English Bible

The unclean spirit, convulsing him and crying with a loud voice, came out of him.

Every translation above is public domain and free to share. Other versions — NIV · ESV · NKJV · NLT · NASB · CSB · AMP — are copyrighted and open on their publishers’ partner site.

In context

23 और उसी समय, उनके आराधनालय में एक मनुष्य था, जिसमें एक अशुद्ध आत्मा थी।

24 उसने चिल्लाकर कहा, “हे यीशु नासरी, हमें तुझ से क्या काम? क्या तू हमें नाश करने आया है? मैं तुझे जानता हूँ, तू कौन है? परमेश्वर का पवित्र जन!”

25 यीशु ने उसे डाँटकर कहा, “चुप रह; और उसमें से बाहर निकल जा।”

26 तब अशुद्ध आत्मा उसको मरोड़कर, और बड़े शब्द से चिल्लाकर उसमें से निकल गई।

27 इस पर सब लोग आश्चर्य करते हुए आपस में वाद-विवाद करने लगे “यह क्या बात है? यह तो कोई नया उपदेश है! वह अधिकार के साथ अशुद्ध आत्माओं को भी आज्ञा देता है, और वे उसकी आज्ञा मानती हैं।”

28 और उसका नाम तुरन्त गलील के आस-पास के सारे प्रदेश में फैल गया।

29 और वह तुरन्त आराधनालय में से निकलकर, याकूब और यूहन्ना के साथ शमौन और अन्द्रियास के घर आया।

Read Mark 1 in the app The whole chapter

Search the Scriptures

Choose a translation

KJVBSBWEBNHEBASVYLTDBYWBTBBEEBRGNVDRALUTCANRIVLSGRVABPMYORIGBSWATGLIRV